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Sunday, 13 November 2016

क्यूँ आयी

छोटी अपनी प्रेम कहानी, दर्द अनेकों थमा गयी,
जो तुम आयी मेरी जिंदगी में तो क्यूँ आयी,
बेदर्द हवाएँ मुझे रुलाये, हर लम्हा तेरी याद दिलाये,
बिन तेरे एक पल भी मुझको, अब सुकून ना आये,
चेहरा तेरा आँखों में बसाये, यादों को दिल में सजाये,
जीए जा रहा हूँ तेरी चाहत को सीने से लगाए,
तनहा ही जी रहा था भला, दो पल के साथ को क्यूँ आयी,
जो तुम आयी मेरी जिंदगी में तो क्यूँ आयी।

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